कोरियाई आदरसूचक रूप: 시, 님, और वे शब्द जो पूरे के पूरे बदल जाते हैं
शिष्टता सिर्फ़ वाक्य के अंत में नहीं होती — वह क्रिया के भीतर और संज्ञा पर भी बैठ सकती है।
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दो अलग व्यवस्थाएँ, जो अक्सर गड्डमड्ड हो जाती हैं
वाचन-स्तर (해요체, 합쇼체) सुनने वाले के बारे में हैं। आदरसूचक रूप जिसकी बात हो रही है, उस व्यक्ति के बारे में। दोनों आज़ाद हैं — इसीलिए दोस्त से दोस्ताना बोलते हुए भी उसकी दादी को आदर दिया जा सकता है। यह बँटवारा आपके पास पहले से है: तेरी दादी आ रही हैं — तू दोस्त के लिए, बहुवचन क्रिया दादी के लिए।
| 할머니가 오세요. | दादी आ रही हैं — उन्हें आदर, और आपसे 해요체 |
| 친구가 와요. | मेरा दोस्त आ रहा है — यहाँ आदर की ज़रूरत नहीं |
시 धातु और प्रत्यय के बीच बैठता है
पूर्व-अंतिम प्रत्यय -시- धातु और अंतिम प्रत्यय के बीच आता है, एकदम आख़िर में कभी नहीं। यह क्रिया के कर्ता को उठाता है, सुनने वाले को नहीं — जैसे हिंदी का आदरवाचक बहुवचन वे कहते हैं।
| 가요 → 가세요 | जाता है → (आदर सहित) जाते हैं |
| 읽어요 → 읽으세요 | पढ़ता है → पढ़ते हैं (आदर सहित) |
| 읽으세요 | वे पढ़ते हैं / पढ़ लीजिए |
ध्यान दीजिए कि 가세요 सुर के हिसाब से कथन भी है और अनुरोध भी। दोनों कामों के लिए रूप वही रहता है, इसीलिए 안녕히 가세요 विदा में चल जाता है। हिंदी में ये अलग रूप हैं — वे जाते हैं और जाइए — सो फ़र्क़ सुर से पकड़ना पड़ेगा।
님 संज्ञा पर लगता है
किसी पद या भूमिका के साथ -님 जोड़िए और उस पद पर बैठा व्यक्ति उठ जाता है। यह ख़ूब चलता है — पदनामों पर, ग्राहक-सेवा में, ऑनलाइन भी। हिंदी का जी सबसे नज़दीक है (गुरु जी)। फ़र्क़: जी अकेला भी खड़ा होता है और हामी में भी चलता है; 님 आम तौर पर चिपकता ही है, अकेला वह सिर्फ़ इंटरनेट की बोली में खड़ा होता है (님, 님들)।
| 선생님 | अध्यापक जी |
| 사장님 | कंपनी के मालिक / दुकान के मालिक |
| 고객님 | ग्राहक जी — सेवा वाली भाषा में |
| 어머님 | 어머니 का आदरसूचक — किसी और की माँ, और औपचारिक संबोधन में अपनी भी |
께서 और 께 परसर्ग की जगह ले लेते हैं
शिष्टता परसर्ग पर भी उतरती है। आदर पाने वाला कर्ता 이/가 की जगह 께서 लेता है, और जिसे कुछ दिया या कहा जा रहा हो वह आदर में हो तो 에게 (बोलचाल में 한테) की जगह 께। ये -시- की जगह नहीं, उसके साथ चलते हैं — 할머니께서 오세요 में दादी को दो बार आदर मिला। हिंदी परसर्ग आदर से नहीं बदलते: दोस्त को भी को, गुरु जी को भी को।
यहाँ एक जाल है: 께서 को हिंदी के ने से मत जोड़िए। ने आदर का चिह्न है ही नहीं — वह पूर्ण काल की सकर्मक रचना का कर्ता-चिह्न है, और दादी ने कहा में वही ने है जो बच्चे ने कहा में। 께서 उलटा है: काल और सकर्मकता से बेपरवाह, सिर्फ़ आदर से तय।
| 할머니께서 오세요. | दादी आ रही हैं — परसर्ग और क्रिया, दोनों उठे हुए |
| 선생님께 드렸어요. | मैंने अध्यापक जी को दिया — 에게/한테 की जगह 께 |
| 선생님께 여쭤봤어요. | मैंने अध्यापक जी से पूछा — 여쭤보다 और 말씀드리다 께 ही चाहते हैं |
| ✗ — दोस्त को आदर नहीं दिया जाता: 친구가 왔어요 | |
| ✗ — 께 इंसानों के लिए है: 학교에 보냈어요 |
께서 किताबों के बताए से कहीं आसानी से गिर जाता है। रोज़ की बोली -시- रखती है और 께서 छोड़ देती है — सुनाई 할머니가 오세요 ही देगा। टिकता 께 है, क्योंकि कर्ता का आदर क्रिया दिखा देती है, पाने वाले पर कोई चिह्न नहीं होता।
कुछ शब्द पूरे के पूरे बदल जाते हैं
रोज़ चलने वाले थोड़े-से शब्दों का अलग आदरसूचक रूप होता है। याद ही करने पड़ते हैं, पर हैं गिनती के और लगातार सामने आते हैं। हिंदी में भी पधारना, विराजना हैं, पर वे औपचारिक मौक़ों के हैं; कोरियाई वाले खाने की मेज़ तक के हैं।
| 먹다 / 마시다 → 드시다 | खाना / पीना |
| 자다 → 주무시다 | सोना |
| 있다 → 계시다 | होना (कहीं मौजूद) |
| 말하다 → 말씀하시다 | कहना |
| 집 → 댁 | घर |
| 나이 → 연세 | उम्र |
| 이름 → 성함 | नाम |
विनम्र रूप में आप ख़ुद को नीचे कर लेते हैं
दूसरा आधा हिस्सा: आप सामने वाले को उठाते नहीं, ख़ुद को नीचे कर लेते हैं। अपने कामों की बात में आदर ऐसे दिखता है। हिंदी में यह आधा पतला है — मैं का रोज़ का विनम्र विकल्प नहीं है — सो 나/저 नया बोझ है।
| 나 → 저 | मैं |
| 주다 → 드리다 | देना (अपने से बड़े को) |
| 묻다 → 여쭙다 | पूछना (अपने से बड़े से) |
| 보다 → 뵙다 | मिलना (अपने से बड़े से) |
आम ग़लतियाँ
- अपने बारे में 시 लगाना। 저는 가십니다 में आदर आपको मिल रहा है। कहिए 저는 갑니다।
- चीज़ों को आदर देना। 커피 나오셨습니다 सेवा-उद्योग की भाषा है, जिसे बहुत-से कोरियाई ग़लत मानते हैं — कॉफ़ी को आदर नहीं चाहिए।
- पदनाम पर 님 भूल जाना। अध्यापक को बिना 님 के सिर्फ़ 선생 कहना रूखा लगता है।
- परसर्ग को उठाना पर क्रिया को नहीं। 할머니께서 와요 आधा-अधूरा है — 께서 के बाद क्रिया पर -시- आना ही चाहिए। उलटा चलता है: 할머니가 오세요 रोज़ की बोली है।
- 드리다 और 주다 को उलट देना। बड़े को आप 드리다 करते हैं; वे आपको 주다 करते हैं।
- इन्हें मर्ज़ी की शिष्टता मान लेना। दादा-दादी या वरिष्ठ सहकर्मी के सामने इन्हें छोड़ना पकड़ में आ जाता है।
- ‘पास होना’ के लिए 계시다 लगाना। 계시다 व्यक्ति के कहीं मौजूद होने के लिए है। “आपके पास समय है?” 시간이 있으세요? है — 있다 पर 시, 계시다 नहीं।
इनमें सहज कैसे हों
आदरसूचक रूप ठीक उसी सामग्री में सबसे ज़्यादा हैं जो सीखने वाले सबसे कम सुनते हैं: घर की बातचीत, दुकान-दफ़्तर का लेन-देन, कामकाजी बोली। ड्रामा पक्के दोस्तों की ओर झुके रहते हैं, इसलिए वहाँ ये कम दिखते हैं।
छोटे आदरसूचक वाक्य बोलकर दोहराना सबसे तेज़ रास्ता है — ख़ासकर बदल जाने वाली क्रियाएँ 드시다, 계시다, 주무시다। नियम से यही तीन नहीं बनतीं।
सभी गाइड
- हंगुल — कोरियाई लिपि: 5 आकार, 2 चालें, एक शाम
- कोरियाई वाक्य-क्रम: क्रिया आख़िर में — पर हिंदी जैसी नहीं
- कोरियाई कण 은/는 और 이/가: कारक नहीं, विषय और फ़ोकस
- कोरियाई कण 에, 에서, 을/를, (으)로: कहाँ, किधर, किससे, किसको
- 먹다 से 먹어요 तक: कोरियाई क्रिया के रूप कैसे बनते हैं
- कोरियाई अनियमित क्रियाएँ: ㅂ ㄷ ㅅ 르 으 ㅎ
- कोरियाई कृदंत-उपवाक्य 읽은 책, 읽는 책, 읽을 책 — «जो» यहाँ नहीं है
- कोरियाई में «सकना», «चाहना», «पड़ना»: -(으)ㄹ 수 있다, -고 싶다, -아/어야 되다
- कोरियाई शिष्टता के स्तर: 반말, 해요체, 합쇼체
- -네요, -죠, -군요, -잖아요: कोरियाई वाक्य-अंत के वे प्रत्यय जिनसे लहजा बनता है
- -(으)ㄹ까요 और -(으)ㄹ 것 같다: कोरियाई में पूछना, पेशकश करना और बात को खुला छोड़ना
- कोरियाई गिनतीशब्द 개, 명, 권, 마리: 하나 से 한 क्यों बनता है
- कोरियाई काल: 먹어요 · 먹었어요 · 먹을 거예요, और अनुमान वाला 겠
- कोरियाई में वाक्य जोड़ना: 고, 서, 지만, 니까, 면
- कोरियाई उच्चारण के नियम: लिखा कुछ, सुनाई कुछ और
- कोरियाई शैडोइंग कैसे करें: सुनने का अभ्यास सही तरीक़े से